तोर चंदा जइसन चेहरा tor chanda jaisan chehra-[.Krishna parkar][hindi kavita][c.g kavita][kavita] [कृष्णा पारकर][हिंदी कविता][छ.ग. कविता][कविता]

तोर चंदा जइसन चेहरा गोरी मन ला मोहे ना,
सुघ्घर सलोनी रूप गोरी बनाए मोला दिवाना ।



गोरी गोरी रंग तोर गोरी हावय अंग ।
बनाले मोला रसिया अउ चल मोर संग ।



संगे हम  ला जीना हे , संगे जिनगी बिताना ।
सुघ्घर सलोनी रूप गोरी बनाए मोला दिवाना।



चंचल हे तोर चाल गोरी रेंगना हावय कमाल ।
तोर बिना संवरेंगी मोर जिनगी हावय बेहाल ।


रहे नइ सकवं तोर बिना मै का करवं बताना ।
सुघ्घर सलोनी रूप गोरी बनाए मोला दिवाना ।
देखा तुझे बस एक नजर, dekha tujhe bas ek najar, कृष्णा पारकर, हिंदी कविता, कविता, Krishna parkar, hindi kavita, kavita,
                             कृष्णा पारकर
                           बिलासपुर सीपत
                       +91 93404 04933
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